देहरादून। उत्तराखंड लोकसभा चुनाव में जैसे-जैसे राउंडवार परिणाम आते रहे तो कांग्रेस मुख्यालय में बैठे कार्यकर्ताओं के चेहरों में भी मायूसी छाने लगी। मत अंतर बढ़ने के दौरान ही उत्तराखंड कांग्रेस ने अधिकारिक रूप से हार स्वीकार ली।
मतगणना के दौरान ही कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता लखपत बुटोला ने पत्रकारों से कहा कि कांग्रेस की उत्तराखंड में पांचो सीट पर पराजय हो चुकी है। मोदी लहर को गंभीरता से भांपने में कांग्रेस ने चूक की है।
कांग्रेस भवन में अपने कक्ष में उन्होंने कहा कि पार्टी को भविष्य में कड़ी मेहनत करनी होगी। उन्होंने कहा कि हमारे नेताओं को घर बैठकर आराम नहीं करना होगा। उन्होंने कहा कि इस हार के चिंतन के बाद हमें जून माह से ही 2022 की तैयारी में जुटना होगा। इसके लिए हमें जनता के बीच जाना होगा।
उन्होंने कहा कि आम कार्यकर्ता को नजरअंदाज करने से भी कांग्रेस को भारी नुकसान उठाना पड़ा। आलीशान कमरों में रणनीति अब काम आने वाली नही है। कहा कि कई सीटों में बड़ी पराजय इस बात को पुख्ता करती है कि उत्तराखंड में सरकार की कोई उपलब्धि नहीं है। ये सिर्फ मोदी लहर के बाद मोदी सुनामी का असर है।
उन्होंने ईवीएम पर सवाल खड़े करने से इंकार किया। उन्होंने कहा कि ईवीएम में हेराफेरी की गुंजाइश नहीं है। साथ ही इस बात पर संदेह जताया कि सड़क पर जनता का जिस प्रकार विरोध दिखाई दे रहा था, ठीक उसके उलट रिजल्ट सामने हैं।

Post A Comment: